

इंटेलिजेंसी को मापने वाली IQ के बेसिस पर हम ये जान पाते हैं कि इंसान कितना बुद्धिमान है। 140 का IQ जीनियस का माना जाता है। लेकिन रिसर्च कहते हैं कि केवल यही किसी को बुद्धिमान साबित नहीं कर सकता है। अमेरिकन जर्नल ऑफ साइकोलॉजी में छपी एक स्टडी में यह सामने आया है कि कुछ लोगों में एक विशेष प्रकार की कैपेसिटी होती है।, जिसे ‘एबिलिटी-ओ’ यानी ऑब्जेक्ट रिकग्निशन कहा गया है। इन लोगों में किसी भी मामले को समझने की क्षमता औरों के मुकाबले बेहतर होती है। कई बार तो यह क्षमता उनसे ज्यादा IQ लेवल वाले लोगों से भी ज्यादा होती है।
‘एबिलिटी-ओ’ वाले लोग ज्यादा IQ लेवल वाले लोगों से ज्यादा स्मार्ट होते हैं। एबिलिटी-ओ की श्रेणी के लोगों का भले ही सामान्य ज्ञान ठीक न भी हो, लेकिन चीजों को याद रखने और उन्हें अलग तरीके से देखने की का उनका नजरिया अच्छा होता है। उनमें क्षमता काफी ज्यादा होती है, जो उन्हें आम लोगों से अलग और खास बनाती है।
एबिलिटी-ओ वालों में चीजें ऑब्जर्व की अच्छी क्षमता
एबिलिटी-ओ वाले लोगों की ऑब्जर्व करने की क्षमता सबसे ज्यादा होती है। वे खाना बनाने की प्रक्रिया को देखते हुए अपने दिमाग में पूर्णतः बने हुए खाने की इमेज को भी छाप लेते हैं। रिसर्च कहती है कि जिन लोगों में सामान्य ज्ञान सबसे ज्यादा होता है, उन्हें ‘एबिलिटी- जी’ यानी जनरल इंटेलीजेंस की श्रेणी में रखते हैं। एबिलिटी-जी वाले लोगों का भी IQ स्कोर ज्यादा नहीं होता है, लेकिन ऐसे लोग एक सामान्य व्यक्ति से अलग खास होते हैं। एबिलिटी-जी के लोगों के सामान्य ज्ञान का स्तर एक आम व्यक्ति से काफी ज्यादा होता है।
एबिलिटी-ओ वाले बोलने में माहिर
एबिलिटी-ओ वाले लोगों में बोलने की कला अच्छी होती है। परीक्षा के लिखित सवालों में भले ही ये पीछे रह जाते होंगे।लेकिन वर्बल स्किल्स में जुड़े सवालों का आसानी से वे जवाब दे देते हैं। एबिलिटी-ओ वाले लोगों की मेमोरी काफी तेज होती है। इतनी कि वह लंबे समय तक नंबरों को याद रखने में सक्षम होते है। इस एबिलिटी को और ज्यादा तेज भी किया जाता है।
